नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में जारी भारी तनाव और संवेदनशील होर्मुज स्ट्रेट के पास मिल रही खतरनाक चुनौतियों के बीच देश की एनर्जी सप्लाई को लेकर बड़ी खबर है। होर्मुज स्ट्रेट को क्रॉस कर तीन विशाल क्रूड टैंकर भारत पहुंचने वाले हैं। जानकारी के मुताबिक हंबल वॉरियर' समेत तीन जहाज मुंद्रा के लिए रवाना हो चुके हैं। तीनों जहाज 28 या 29 मार्च तक मुंद्रा पोर्ट पहुंच जाएंगे।
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कब भारत पहुंचेंगे तीनों जहाज?
जानकारी के मुताबिक हंबल वॉरियर शिप 28 मार्च तक मुंद्रा पहुंच जाएगा जबकि एमटी ओडेसा 29 मार्च तक और एमटी फॉसिल के 29 मार्च तक पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है। वहीं देश के लिए एलपीजी लेकर आ रहा 'जग वसंत' और 'पाइन गैस' के लिए पोर्ट रोटेशन की घोषणा अभी बाकी है। कल 26 मार्च को दोपहर 12.00 बजे तक इनकी स्थिति स्पष्ट होने की उम्मीद है। इसके बाद ही यह तय होगा कि LPG से लदे ये जहाज 27 और 28 मार्च को भारत के किस विशिष्ट पोर्ट पर अपनी खेप उतारेंगे। ये दोनों जहाज भी सुरक्षित तरीके से होर्मुज स्ट्रेट को क्रॉस कर चुके हैं।
दोनों एक-दूसरे के करीब चल रहे हैं। इन जहाजों पर लदी गैस देश में लगभग एक दिन की खाना पकाने की गैस की खपत के बराबर है। खाड़ी से भारत तक पहुंचने में जहाज को आमतौर पर दो से ढाई दिन लगते हैं।
जहाजों की आवाजाही पर नजर
बता दें कि ईरान युद्ध के चलते होर्मुज स्ट्रेट इन दिनों बेहद खतरनाक और संवेदनशील इलाका घोषित हो चुका है। इस इलाके से गुजरने वाले जहाजों पर मिसाइल और ड्रोन से अटैक हो चुके हैं। ऐसे में इस इलाके से गुजरना खतरे से खाली नहीं है। शिपिंग मंत्रालय और पोर्ट अथॉरिटी इन जहाजों की आवाजाही पर पल-पल की नजर बनाए हुए हैं ताकि सुरक्षा और आपूर्ति में कोई बाधा न आए।
हमले के वक्त होर्मुज में 28 भारतीय जहाज
जिस वक्त ईरान पर हमला हुआ उस समय होर्मुज स्ट्रेट में भारतीय ध्वज वाले 28 भारतीय जहाज मौजूद थे। इनमें से 24 होर्मुज के पश्चिमी हिस्से में और चार पूर्वी हिस्से में थे। पिछले कुछ दिन में दोनों तरफ से दो-दो जहाज सुरक्षित रूप से होर्मुज तक पहुंचने में सफल रहे हैं। एलपीजी ला रहा जहाज शिवालिक 16 मार्च को गुजरात के मुद्रा बंदरगाह पहुंचा। वहीं एक अन्य एलपीजी टैंकर नंदा देवी, अगले दिन गुजरात के कांडला बंदरगाह पर पहुंचा। दोनों एलपीजी वाहक जहाजों ने 13 मार्च को अपनी यात्रा शुरू की थी और 14 मार्च की सुबह होर्मुज स्ट्रेट को पार किया था। संयुक्त अरब अमीरात से 80,886 टन कच्चे तेल से लदा भारतीय ध्वज वाला तेल टैंकर जग लाडकी 18 मार्च को मुद्रा बंदरगाह पहुंचा था।